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नीतीश कुमार किस सीडी और फ़ाइल के डरे हुए हैंॽ -तेजस्वी यादव

वह दिन दूर नहीं जब भाजपाई सहयोग से नीतीश कुमार बिहार के कोने-कोने में लालू जी द्वारा निर्मित अनगिनत अंबेडकर, गांधी, लोहिया, जेपी, कर्पूरी ठाकुर, भिखारी ठाकुर ,बिरसा मुंडा और बी.पी. मंडल की मूर्तियाँ तुड़वायेंगे।

नीतीश जी सत्ता के लिए कुछ भी कर सकते है। बिहार मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को आँध्रप्रदेश के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू से सीखना चाहिए। शासन इक़बाल और स्वाभिमान से चलता है। कितने दिन डरकर बिहार का नुक़सान करते रहेंगे।

नीतीश कुमार जी ने व्यक्तिगत फ़ायदों के लिए बिहार के हितों की तिलांजलि दे दी है। नीतीश कुमार ने अपने लिए विशेष आवासऔर विशेष सुरक्षाके समझौते के तहत बिहार की विशेष दर्जे की माँग को कूड़ेदान में डलवा दिया।

तेजस्‍वी यादव, पूर्व उपमुख्‍यमंत्री

नीतीश कुमार को यह हक़ किसने दिया है की अपने व्यक्तिगत स्वार्थों की पूर्ति के लिए वो बिहार के साथ हक़मारी करें। स्वयंघोषित नैतिक पुरुष जवाब दें।

मुख्यमंत्री नीतीश जी को मैंने 5 फ़रवरी को पत्र लिखकर अपने नेता प्रधानमंत्री मोदी जी से बिहार के लिए विशेष राज्य की माँग करने की विनम्र विनती के साथ-साथ तन-मन-जन से पूर्ण समर्थन देने का वायदा भी किया था लेकिन मुख्यमंत्री ने नेता प्रतिपक्ष को उस पत्र का जवाब देना भी उचित नहीं समझा।

श्री नीतीश कुमार जी बतायें उन्होंने किस सीडी और फ़ाइल के डर से अपनी नैतिकता, अंतरात्मा, राजनीति और बिहार के अधिकारों को भाजपा के यहाँ गिरवी रखा है?

नीतीश कुमार रीढ़विहीन मुख्यमंत्री है। अगर प्रधानमंत्री मोदी जी और केंद्र सरकार बिहार की विशेष दर्जे की जायज़ माँग को अस्वीकार करते है तो नीतीश जी को अंतरात्मा की आवाज़ पर तुरंत इस्तीफ़ा देकर NDA से गठबंधन तोड़ना चाहिए।

कुछ तो हिम्मत दिखाइए चाचा जी। हम इस माँग पर साथ है।को ऐसे बहुरूपियों से सतर्क होना होगा।
-तेजस्‍वी यादव, पूर्व उपमुख्‍यमंत्री


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   -संपादक